सम्यक नाम जैन धर्म के मूल सिद्धांतों में से एक 'त्रिरत्न' (सम्यक दर्शन, सम्यक ज्ञान और सम्यक चारित्र) का एक अभिन्न अंग है। इसका शाब्दिक अर्थ 'सही', 'उचित' या 'सटीक' होता है। जैन दर्शन में, सम्यक का तात्पर्य सत्य और यथार्थ के प्रति सही दृष्टिकोण, सही ज्ञान और सही आचरण से है, जो मोक्ष प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त करता है। यह नाम उस व्यक्ति के लिए चुना जाता है जो जीवन में सत्यनिष्ठा और धार्मिकता का पालन करे।
अंक ज्योतिष के अनुसार, सम्यक नाम का मूलांक 9 है, जो उच्च आदर्शों, करुणा और आध्यात्मिक समझ का प्रतिनिधित्व करता है। इस नाम के व्यक्ति अक्सर न्यायप्रिय, परोपकारी और दृढ़ निश्चयी होते हैं। वे अपने सिद्धांतों पर अडिग रहते हैं और दूसरों के लिए प्रेरणा स्रोत बनते हैं। उनका जीवन सत्य और नैतिकता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है, जिससे वे समाज में एक सम्मानित स्थान प्राप्त करते हैं।