बहराइच (उत्तर प्रदेश)। जिला बहराइच के थाना क्षेत्र फखरपुर में 27 सितंबर की रात करीब 12:20 बजे चोरी की अफवाह ने पूरे गांव को दहशत में डाल दिया। अचानक फैली इस खबर से लोग घरों से बाहर निकल आए और लाठी-डंडों के साथ सड़कों पर पहरा देने लगे। ग्रामीणों का कहना है कि कई घरों के पास संदिग्ध हलचल देखने को मिली, जिससे पूरे गांव में अफरातफरी मच गई।

गांव में रतजगा और पुलिस की गश्त

चोरी की अफवाह के बाद ग्रामीण पूरी रात जगते रहे। फखरपुर पुलिस भी मौके पर पहुंची और गांव के विभिन्न इलाकों में गश्त करती रही। लोग बताते हैं कि पुलिस के साथ-साथ युवा और बुजुर्ग सभी घरों से बाहर निकल आए और संदिग्ध व्यक्तियों पर नजर बनाए रखी।

पिछली रात भी उड़ी थी अफवाह

यह घटना लगातार दूसरी रात की है जब फखरपुर और आसपास के क्षेत्रों में चोरों की अफवाह फैली। 26 सितंबर की रात भी ग्रामीणों ने पूरी रात जागकर निगरानी की थी। लगातार फैल रही इन खबरों ने गांव में डर का माहौल पैदा कर दिया है।

भेड़ियों के आतंक के बीच बढ़ा डर

बहराइच जिले में पहले से ही भेड़ियों के हमले से ग्रामीण परेशान हैं। हाल के दिनों में कई बच्चों पर हमला करने की घटनाएं सामने आईं। अब चोरी की अफवाह ने ग्रामीणों की चिंता और बढ़ा दी है। लोग कहते हैं कि उन्हें दोहरी मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों के सुरक्षा उपाय

  • रात में समूह बनाकर लाठी-डंडों के साथ निगरानी
  • गांव के प्रवेश और निकास पर चौकसी
  • हर संदिग्ध शख्स पर पैनी नजर
  • मोबाइल फोन से त्वरित सूचना का आदान-प्रदान
  • पुलिस कंट्रोल रूम नंबर 112 पर तुरंत कॉल

पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी

ग्रामीणों ने मांग की है कि पुलिस केवल अफवाह पर रोक लगाए ही नहीं बल्कि लगातार गश्त बढ़ाए। साथ ही भेड़ियों और चोरों से सुरक्षा के लिए विशेष टीमें गठित की जाएं। पुलिस का कहना है कि वह पूरी तरह सतर्क है और हर सूचना पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

फखरपुर की यह घटना साफ दिखाती है कि ग्रामीण अब खुद सुरक्षा व्यवस्था संभालने को मजबूर हो गए हैं। चोरी की अफवाह और जंगली जानवरों के खतरे ने मिलकर एक बड़ा संकट खड़ा कर दिया है। प्रशासन को चाहिए कि तुरंत प्रभावी कदम उठाए ताकि लोगों का भरोसा बना रहे और गांव सुरक्षित रह सके।