यह छोटी सी शायरी ईश्वर के प्रति असीम आभार व्यक्त करती है। कवि हर साँस में ईश्वर की कृपा और हर परिस्थिति में उसकी दुआ महसूस करता है। जीवन में जो कुछ भी प्राप्त हुआ है, उसे वह ईश्वर की मेहरबानी मानता है और विश्वास रखता है कि ईश्वर ने उसकी हर प्रार्थना सुनी है। यह ईश्वर के प्रति कृतज्ञता और समर्पण का भाव दर्शाती है।