उत्सव का उल्लास: खुशियों भरा दोहा
खुशियों और उल्लास से भरा एक सुंदर दोहा, जो जीवन के उत्सव को दर्शाता है। Furkan S Khan द्वारा रचित।
यह दोहा उत्सव के उल्लास और जीवन में आने वाली नई खुशियों का वर्णन करता है। 'बेला' का अर्थ है समय या अवसर, और 'परछाई' यहाँ आनंद की अनुभूति को दर्शाती है। यह कविता जीवन के हर क्षण को उत्सव की तरह मनाने की प्रेरणा देती है।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Wow
0
Sad
0
Angry
0
30°C Bahraich
Comments (0)